द्वितीय अपील के 28 मामलों की हुई सुनवाई एवं निवारण, अधिकारियों को समयबद्ध निष्पादन का सख्त निर्देश l
जिलाधिकारी श्री सुब्रत कुमार सेन ने पूर्व की भांति शुक्रवार को समाहरणालय में जनता दरबार का आयोजन कर आम नागरिकों की शिकायतों एवं समस्याओं की सुनवाई की। जनता दरबार में जिले के विभिन्न प्रखंडों एवं पंचायतों से आए लोगों ने अपनी समस्याएं सीधे जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने प्रत्येक आवेदन को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को त्वरित एवं नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
शुक्रवार को आयोजित जनता दरबार में कुल 111 आवेदन प्राप्त हुए। प्राप्त आवेदनों में सर्वाधिक मामले जमीन से संबंधित रहे। इन मामलों में दाखिल-खारिज, सीमांकन, अतिक्रमण, भू-विवाद एवं परिमार्जन जैसी समस्याएं प्रमुख रहीं। जिलाधिकारी ने सभी भूमि संबंधी मामलों को संबंधित अंचलाधिकारी को भेजते हुए स्पष्ट निर्देश दिया कि नियमानुसार त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाए तथा कृत कार्रवाई का प्रतिवेदन समय सीमा के भीतर उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने कहा कि भूमि विवाद से जुड़े मामलों का शीघ्र समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है।
इसके अतिरिक्त शिक्षा विभाग से संबंधित विद्यालय प्रबंधन, छात्रवृत्ति एवं शिक्षक उपस्थिति से जुड़े आवेदन प्राप्त हुए। स्वास्थ्य विभाग से संबंधित मामलों में उपचार, दवा उपलब्धता एवं आयुष्मान कार्ड से जुड़ी शिकायतें शामिल रहीं। सामाजिक सुरक्षा पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन एवं दिव्यांगजन लाभ से संबंधित कई आवेदन भी जनता दरबार में प्रस्तुत किए गए। वहीं आईसीडीएस के अंतर्गत आंगनबाड़ी सेवाओं, पोषाहार वितरण तथा लाभार्थी चयन से जुड़े मामले भी सामने आए। कल्याण विभाग, पंचायत स्तर की योजनाओं एवं अन्य विभागों से संबंधित शिकायतों पर भी जिलाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जनता दरबार का उद्देश्य आम नागरिकों को त्वरित एवं पारदर्शी प्रशासनिक सेवा उपलब्ध कराना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक आवेदन का गंभीरतापूर्वक परीक्षण कर विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा अनावश्यक विलंब से बचा जाए। उन्होंने यह भी कहा कि प्राप्त शिकायतों के निष्पादन में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के विरुद्ध जवाबदेही तय की जाएगी।
इसी क्रम में जिलाधिकारी ने लोक शिकायत निवारण अधिनियम के तहत दायर द्वितीय अपील मामलों की भी सुनवाई की। कुल 28 परिवाद पत्रों की सुनवाई करते हुए उन्होंने दोनों पक्षों के तथ्यों एवं साक्ष्यों को ध्यानपूर्वक सुना। उपलब्ध अभिलेखों एवं प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर कई मामलों का नियमानुसार निवारण किया गया तथा शेष मामलों में आवश्यक कार्रवाई के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए।
जनता दरबार के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि प्रशासन जनता की समस्याओं के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है और प्रत्येक आवेदक को न्यायसंगत समाधान दिलाना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने आम नागरिकों से अपील की कि वे अपनी समस्याएं निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्रस्तुत करें, ताकि उनका त्वरित एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
जनता दरबार में विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी एवं संबंधित कर्मी उपस्थित रहे ।
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