बेनीबाद थाना क्षेत्र में संतरा लदा ट्रक दुर्घटनाग्रस्त,खलासी और ड्राइवर घायल, सड़क पर बिखरा पड़ा संतरा ll

बेनीबाद थाना क्षेत्र में संतरा लदा ट्रक दुर्घटनाग्रस्त,खलासी-ड्राइवर घायल, सड़क पर बिखरा पड़ा संतरा। 
दीपक कुमार ।गायघाट, संवाददाता,
दरभंगा - मुजफ्फरपुर नेशनल हाईवे पर शुक्रवार को दोपहर 12 बजे एक सड़क हादसा हो गया। राजा लाईन होटल से आगे एक ट्रक में पीछे से आ रहे तेज रफ्तार दूसरे ट्रक ने साईड से जोरदार टक्कर मार दी, जिससे संतरे से लदा ट्रक दुर्घटनाग्रस्त हो गया।सड़क पर संतरा बिखड़ गया। घटना के बाद चालक और खलासी घायल हो गए। घायल को पीएचसी गायघाट में इलाज के लिए भेजा गया। 
टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रक में भरे सारे संतरे सड़क पर बिखर गए। आसपास के गांव के लोग और दुकानदार तुरंत मौके पर जमा हो गए। यह ट्रक संतरे लादकर बंगाल के सिलीगुड़ी जा रहा था।
स्थानीय लोगों ने तत्काल बेनीबाद पुलिस को घटना की सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सड़क को खाली कराया। घायल ड्राइवर और खलासी को एंबुलेंस की मदद से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गायघाट ले जाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। दोनों की हालत सही बताई जा रही है।बेनीबाद थानाध्यक्ष साकेत कुमार सार्दुल ने बताया कि ट्रक को साईड से जोरदार टक्कर मार दी है। दोनो चालक और खलासी सुरक्षित है। दोनो को इलाज किया गया है।

मुजफ्फरपुर, बोचहाँ एवं अन्य सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्र के लोगों विशेषकर युवतियों के लिए उनके प्रखंडों में ही डिग्री कॉलेज की सुविधा हेतु जिलाधिकारी की कार्रवाई तेज l

बोचहा में जिलाधिकारी का मेगा निरीक्षण: 
सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्र के लोगों विशेषकर युवतियों के लिए उनके प्रखंडों में ही डिग्री कॉलेज की सुविधा हेतु जिलाधिकारी की कार्रवाई तेज l
शिक्षा, स्वास्थ्य और आधारभूत संरचना पर विशेष फोकस: सरफुद्दीनपुर पंचायत में प्रशासन की सक्रिय पहल l
जिले में शिक्षा एवं स्वास्थ्य की गुणवत्ता में सुधार लाने, विकास एवं कल्याणकारी योजनाओं को गति देने तथा आधारभूत संरचनाओं के निर्माण में तेजी लाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी ने बोचहा प्रखंड अंतर्गत सरफुद्दीनपुर पंचायत का व्यापक भ्रमण एवं निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मध्य विद्यालय, पोखर, गुदरी हाट, सरफुद्दीनपुर-केवटसा पथ, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बोचहा तथा गरहा में प्रस्तावित नये थाना भवन निर्माण स्थल का स्थलीय निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए।
डिग्री कॉलेज स्थापना एवं संचालन को लेकर पहल तेज
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जिले के सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्र के छात्रों विशेषकर युवतियों के लिए हायर एजुकेशन की सुविधा स्थानीय स्तर पर ही उनके प्रखंडों में ही सुनिश्चित करने का कार्य जिलाधिकारी द्वारा तेज कर दी गई है। इसके तहत जिलाधिकारी द्वारा खुद प्रखंडों का भ्रमण कर डिग्री कॉलेज की स्थापना के लिए स्थल चिह्नित करने तथा अंतरिम व्यवस्था के तहत खाली पड़े भवनों में महाविद्यालय संचालन की संभावनाओं का आकलन किया जा रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी ने मध्य विद्यालय सरफुद्दीनपुर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि विद्यालय परिसर में पर्याप्त भूमि एवं अतिरिक्त कक्ष उपलब्ध हैं, जहां तत्काल डिग्री कॉलेज का संचालन प्रारंभ किया जा सकता है।
जिलाधिकारी ने जिला शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया कि उपलब्ध कमरों एवं परिसर की आवश्यक मरम्मती, रंग-रोगन एवं आधारभूत सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करते हुए नियमानुसार डिग्री कॉलेज का संचालन शीघ्र प्रारंभ कराने की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा की सुविधा प्रखंड स्तर पर उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है, इससे विशेषकर ग्रामीण एवं सुदूरवर्ती क्षेत्रों की छात्राओं को विशेष फायदा होगा।
जिलाधिकारी ने डिग्री कॉलेज के लिए स्थायी भवन के निर्माण की कार्रवाई भी तेज कर दी है। इस क्रम में बोचहा के भुताने पंचायत एवं सलहा में भूमि चिन्हित की गई है। जिलाधिकारी ने उपयुक्त भूमि के चयन हेतु सभी संबंधित कागजातों की जांच करने का निर्देश अंचलाधिकारी को दिया। साथ ही जिला शिक्षा पदाधिकारी एवं अंचलाधिकारी को संयुक्त रूप से स्थल का भौतिक निरीक्षण कर विस्तृत प्रतिवेदन उपलब्ध कराने को कहा गया, ताकि प्रस्ताव विभाग को भेजा जा सके।
विदित हो कि जिले के चार प्रखंड—बोचहा, औराई, गायघाट एवं मुरौल—में अब तक डिग्री कॉलेज की स्थापना नहीं हो सकी है। इन प्रखंडों में उच्च शिक्षा संस्थान की स्थापना की दिशा में जिलाधिकारी ने पहल तेज कर दी है, ताकि स्थानीय युवाओं, विशेषकर लड़कियों को उच्च शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़े तथा उन्हें स्थानीय स्तर पर ही हायर एजुकेशन की सुविधा उपलब्ध हो । जिले के सभी प्रखंडों में डिग्री कॉलेज की स्थापना से उच्च शिक्षा का दायरा बढ़ेगा और जिले का शैक्षणिक विकास सुदृढ़ होगा।

‘सात निश्चय-3’ के तहत हर प्रखंड में होगा डिग्री कॉलेज 
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 विदित हो कि राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘सात निश्चय-3: उन्नत शिक्षा, उज्ज्वल भविष्य’ के अंतर्गत डिग्री कॉलेज रहित प्रखंडों में महाविद्यालय की स्थापना हेतु भूमि एवं आधारभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने की दिशा में कार्रवाई की जा रही है। इस योजना के तहत प्रत्येक ऐसे प्रखंड में डिग्री कॉलेज खोलने का लक्ष्य रखा गया है, जहां अभी तक यह सुविधा उपलब्ध नहीं है। जिलाधिकारी ने इस दिशा में कार्रवाई तेज करते हुए अधिकारियों को तत्काल डिग्री कॉलेज का संचालन शुरू करने तथा स्थायी भूमि चिह्नित कर प्रस्ताव विभाग को शीघ्र भेजने का निर्देश दिया।

पोखर एवं हाट की जमीन से अतिक्रमण हटाने का निर्देश
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भ्रमण के दौरान जिलाधिकारी को विद्यालय के समीप स्थित पोखर की भूमि पर स्थानीय लोगों द्वारा अवैध अतिक्रमण किए जाने की जानकारी मिली। इसे गंभीरता से लेते हुए उन्होंने अंचलाधिकारी को लोकभूमि अतिक्रमण अधिनियम के तहत नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दो दिनों के भीतर अतिक्रमण हटाकर सीमांकन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

इसी क्रम में ग्राम पंचायत सरफुद्दीनपुर के वार्ड संख्या तीन स्थित गुदरी पोखर एवं हाट का भी निरीक्षण किया गया। अंचलाधिकारी ने अवगत कराया कि गुदरी पोखर की अधिकांश भूमि पर भी अवैध अतिक्रमण कर लिया गया है। जिलाधिकारी ने इस पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए दो दिनों के भीतर अतिक्रमण मुक्त कराने, पुनः सीमांकन कराने तथा भविष्य में अतिक्रमण न हो इसकी पुख्ता व्यवस्था करने का निर्देश दिया।

उन्होंने स्पष्ट किया कि गुदरी हाट के रूप में दर्ज भूमि का उपयोग केवल निर्धारित उद्देश्य के लिए ही किया जाए। वहां किसी भी प्रकार के पक्के दुकान या आवासीय भवन का निर्माण नहीं होने दिया जाए। यदि ऐसा पाया जाता है तो संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। अनुमंडल पदाधिकारी पूर्वी को नियमित रूप से इस कार्रवाई की निगरानी करने का निर्देश दिया गया।

सरफुद्दीनपुर-केवटसा पथ के चौड़ीकरण की तैयारी तेज 
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जिलाधिकारी ने सरफुद्दीनपुर-केवटसा पथ का निरीक्षण करते हुए पाया कि यह मार्ग आवागमन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, लेकिन इसकी वर्तमान चौड़ाई अपेक्षाकृत कम है। 
निरीक्षण के दौरान यह पाया गया कि सड़क के चौड़ीकरण के लिए पर्याप्त भूमि उपलब्ध है। इस पर जिलाधिकारी ने कार्यपालक अभियंता, पथ प्रमंडल-वन को निर्देश दिया कि पथ के चौड़ीकरण हेतु नियमानुसार प्रस्ताव तैयार कर शीघ्र स्वीकृति के लिए विभाग को भेजा जाए, ताकि क्षेत्र में यातायात सुविधा बेहतर हो सके।

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बोचहा की व्यवस्था का निरीक्षण 
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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बोचहा के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने डॉक्टरों की उपस्थिति, ओपीडी संचालन, मरीजों के निबंधन, दवा की उपलब्धता एवं वितरण, पैथोलॉजी, एक्स-रे, एनसीडी क्लीनिक आदि सेवाओं की विस्तार से निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल में आए मरीजों से भी बातचीत कर सेवाओं की गुणवत्ता पर फीडबैक लिया।

निरीक्षण में पाया गया कि अस्पताल में 251 प्रकार की दवाएं उपलब्ध हैं। जिलाधिकारी ने प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी को निर्देश दिया कि उपलब्ध दवाओं का समुचित उपयोग मरीजों के उपचार में सुनिश्चित किया जाए और दवा वितरण में पारदर्शिता बनी रहे। निरीक्षण के दौरान ओपीडी में 70 मरीजों का निबंधन दर्ज पाया गया। जिलाधिकारी ने निबंधन प्रक्रिया को सुगम एवं पारदर्शी बनाते हुए ओपीडी में इलाज की सुचारू एवं सुदृढ़ व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

जिलाधिकारी ने अस्पताल में रोस्टर के अनुसार डॉक्टरों एवं नर्सों की नियमित उपस्थिति, गुणवत्तापूर्ण इलाज, साफ-सफाई एवं समयबद्ध सेवाएं सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही अस्पताल परिसर में अनुपयोगी भवन को हटाकर नए भवन निर्माण हेतु प्रस्ताव विभाग को भेजने तथा सुरक्षा के लिए चहारदीवारी निर्माण की प्रक्रिया प्रारंभ करने का निर्देश दिया।

गरहा में नये थाना भवन के स्थल का निरीक्षण 
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बोचहा प्रखंड के गरहा में नए थाना भवन निर्माण हेतु चिन्हित भूमि का भी जिलाधिकारी ने स्थलीय निरीक्षण किया। मौके पर उपस्थित बिहार पुलिस भवन निर्माण निगम के अभियंता को उन्होंने तत्काल निर्माण कार्य प्रारंभ करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी ने अनुमंडल पदाधिकारी पूर्वी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी शहरी-2, अंचलाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं थानाध्यक्ष को आपसी समन्वय स्थापित कर निर्माण कार्य की सतत निगरानी करने को कहा। साथ ही पुराने थाना भवन की भूमि के अभिलेखों की विस्तृत जांच कर प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश अंचलाधिकारी को दिया गया।

प्रखंड कार्यालय में योजनाओं की समीक्षा
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भ्रमण के दौरान जिलाधिकारी ने प्रखंड कार्यालय में प्रखंड एवं अंचल द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने म्यूटेशन, परिमार्जन, भूमि माफी अभियान, बसेरा योजना सहित अन्य विकास योजनाओं में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़ी योजनाओं का समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस प्रकार जिलाधिकारी का यह निरीक्षण प्रशासन की सक्रियता और जवाबदेही को दर्शाता है। शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, अतिक्रमण मुक्ति एवं सुरक्षा ढांचे को सुदृढ़ करने की दिशा में उठाए गए इन कदमों से जिला में समग्र विकास को नई गति मिलेगी।
इस अवसर पर उप विकास आयुक्त श्री श्रेष्ठ अनुपम, अनुमंडल पदाधिकारी पूर्वी श्री तुषार कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री अरविंद कुमार सिन्हा, प्रखंड विकास पदाधिकारी बोचहा श्रीमती प्रिया, अंचलाधिकारी बोचहा सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

12 कर्मियों का वेतन बंद , अंचलवार लोएस्ट परफॉर्मर को मिला टास्क एवं एक्शन प्लान , लापरवाही पर होंगे निलंबित..

फार्मर रजिस्ट्री: 12 कर्मियों का वेतन बंद एवं शो काउज
 प्रशासन का रुख सख्त, जिलाधिकारी खुद कर रहे हर दिन हर स्तर पर कार्य की समीक्षा एवं मॉनिटरिंग...
2.50 लाख के करीब पहुंचा निबंधन, राज्य में नंबर वन....
किसानों का हित सर्वोपरि -डीएम, मुजफ्फरपुर
किसानों के निबंधन (फार्मर रजिस्ट्री) कार्य को गति देने तथा उन्हें सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से शत-प्रतिशत लाभान्वित करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। जिलाधिकारी द्वारा जिला स्तर से लेकर प्रखंड एवं पंचायत स्तर तक के अधिकारियों और कर्मियों के कार्यों की लगातार समीक्षा की जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर जिलाधिकारी स्वयं प्रखंडों का दौरा कर समीक्षा बैठक कर रहे हैं और मौके पर ही कार्य की समीक्षा एवं मॉनिटरिंग कर आवश्यक निर्देश दे रहे हैं।
12 कर्मियों का वेतन बंद , अंचलवार लोएस्ट परफॉर्मर को मिला टास्क एवं एक्शन प्लान , लापरवाही पर होंगे निलंबित, 
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 फॉर्मर रजिस्ट्री का विशेष अभियान 15 फरवरी तक है। जिलाधिकारी ने गांववार एवं कर्मीवार उपलब्धि की समीक्षा करते हुए न्यूनतम प्रदर्शन करने वाले 12 कृषि समन्वयक किसान सलाहकार एवं पंचायत सचिव का वेतन बंद करते हुए स्पष्टीकरण किया गया है। चूंकि किसानों के रजिस्ट्रेशन का अब मात्र तीन दिन शेष है अर्थात 15 फरवरी तक विशेष अभियान चलेंगे। अभियान को गति देने तथा अधिक से अधिक किसानों का रजिस्ट्रेशन कर उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने हेतु जिलाधिकारी सतत एवं प्रभावी रूप से सक्रिय हैं। जिलाधिकारी ने हर कर्मी को अगले तीन दिनों के भीतर 100 का आंकड़ा प्राप्त करने का टास्क दिया है ताकि कोई भी पात्र किसान निबंधन से वंचित न रहे। जिलाधिकारी ने कहा कि कार्य में कोताही एवं लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसके लिए कृषि समन्वयक किसान सलाहकार एवं पंचायत सचिव को सक्रिय एवं तत्पर होकर कार्य करने तथा बीडीओ / सीओ को मॉनिटर करने का निर्देश दिया।l
2.50 लाख के करीब पहुंचा किसानों का निबंधन, राज्य में नंबर वन l
समीक्षा के क्रम में यह पाया गया कि एक ही दिन में 6062 किसानों का निबंधन किया गया, जो प्रशासनिक सक्रियता का स्पष्ट प्रमाण है। अब तक जिले में कुल 2,43,428 किसानों का निबंधन पूरा किया जा चुका है। इनमें से 1,32,790 प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से आच्छादित हैं। जिलाधिकारी ने निबंधन की गति और तेज करने को कहा ताकि कोई भी पात्र किसान छूट न जाए।
प्रखंडवार स्थिति
जिले के विभिन्न प्रखंडों में फार्मर रजिस्ट्री की स्थिति भी समीक्षा में सामने आई। आंकड़ों के अनुसार—
-पारु प्रखंड में अब तक 23078 किसानों का निबंधन किया गया है।
कुढ़नी 23400 किसान पंजीकृत 
-बरूराज में 22371 किसान पंजीकृत हुए हैं।

-मीनापुर में 19349 किसान रजिस्ट्री में शामिल किए गए हैं।
-बोचहा में 18,783 किसानों का निबंधन हुआ है।
-गायघाट प्रखंड में 18,159 किसान पंजीकृत हैं।
-सरैया में 16,855 किसानों का निबंधन किया गया है।
-औराई प्रखंड में 15,818 किसान निबंधित हुए हैं।
-कांटी में 14,232 किसानों का निबंधन हुआ है।
-सकरा प्रखंड में अब तक 14013 किसानों का निबंधन पूरा किया गया है।

जिलाधिकारी ने कहा कि जिन प्रखंडों में अपेक्षाकृत कम प्रगति है, वहां विशेष अभियान चलाकर कार्य को तेज किया जाए।

पीएम किसान योजना से जुड़े किसानों की प्रतिशतता
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फार्मर रजिस्ट्री में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से जुड़े किसानों की प्रतिशतता के आंकड़ों पर नजर डालें तो जिले में बंदरा प्रखंड 53 प्रतिशत के साथ प्रथम स्थान पर बना हुआ है। इसके बाद बोचहा प्रखंड 42.02 प्रतिशत के साथ दूसरे स्थान पर है। मुरौल प्रखंड में 41.23 प्रतिशत और मीनापुर में 40.01 प्रतिशत किसानों का निबंधन पीएम किसान योजना से जुड़े किसानों के रूप में दर्ज किया गया है।
जिलाधिकारी ने बंदरा प्रखंड के प्रयास की सराहना करते हुए अन्य प्रखंडों को भी इनसे सीख लेने की आवश्यकता पर बल दिया।

सतत निगरानी और सख्त निर्देश
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जिलाधिकारी ने सभी प्रखंडों के वरीय पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में फार्मर रजिस्ट्री कार्य की सतत निगरानी करने का निर्देश दिया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से जुड़े किसानों के साथ-साथ जमाबंदी वाले किसानों का भी अनिवार्य रूप से निबंधन सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए पंचायत स्तर पर विशेष कैंप लगाकर किसानों को जागरूक करने और मौके पर ही निबंधन कराने के निर्देश दिए गए हैं।
लक्ष्य—हर पात्र किसान का निबंधन
अंत में जिलाधिकारी ने दोहराया कि जिला प्रशासन का लक्ष्य है कि कोई भी पात्र किसान फार्मर रजिस्ट्री से वंचित न रहे। उन्होंने कहा कि समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से निबंधन कार्य पूरा कर किसानों को सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ दिलाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिला प्रशासन की इस सक्रिय पहल से किसानों को आने वाले समय में सीधा और प्रभावी लाभ मिलेगा।

गायघाट में आशा कार्यकर्ताओं और फैसिलिटेटरों ने किया धरना प्रदर्शन l

गायघाट में आशा कार्यकर्ताओं और फैसिलिटेटरों ने किया धरना प्रदर्शन 
दीपक कुमार। गायघाट 
मुजफ्फरपुर के गायघाट में आशा कार्यकर्ताओं और फैसिलिटेटरों ने अपनी मांगों को लेकर राष्ट्रीय हड़ताल के तहत प्रदर्शन किया। उनकी मुख्य मांगों में स्वयं को एनएचएम (NRHM) कर्मी घोषित करने और ₹21,000 का मासिक मानदेय देने की मांग शामिल है। यह हड़ताल AICCTU/महासंघ गोप गुट से संबद्ध बिहार राज्य आशा कार्यकर्ता संघ के आह्वान पर की गई है। 
आज जिले के कम्युनिटी हेल्थ सेंटर में आशा फैसिलिटेटर और आशा वर्कर्स ने अपनी पेंडिंग मांगों को लेकर एक बड़ी धरना प्रदर्शन' की। इस के दौरान वर्कर्स ने सरकार के रवैये के खिलाफ जोरदार नारे लगाए और अपनी समस्याओं के जल्द समाधान की मांग की। रैली को संबोधित करते हुए आशा वर्कर्स यूनियन ने मिलकर कहा कि सरकार उनकी जायज मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है।
उनकी मुख्य मांग है कि आशा वर्कर्स और फैसिलिटेटर का मानदेय हर महीने की 7 तारीख तक उनके अकाउंट में जमा हो जाए। यूनियन नेताओं ने सरकार को साफ शब्दों में चेतावनी दी कि अगर सरकार ने जल्द ही उनकी मांगों का कोई सही समाधान नहीं निकाला तो 16 फरवरी को जिले में एक और बड़ा विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इस मौके पर बड़ी संख्या में आशा वर्कर्स और आशा फैसिलिटेटर मौजूद थीं, जिन्होंने एकजुट होकर अपने हक के लिए लड़ने का फैसला किया।

प्रमुख मांगें और विवरण:
एनएचएम कर्मी का दर्जा: आशा और फैसिलिटेटरों को राज्य कर्मचारी/एनएचएम कर्मी माना जाए।
मासिक मानदेय: ₹21,000 मासिक मानदेय की मांग।
वेतन भुगतान: 6 महीने से बकाया मानदेय/वेतन के भुगतान की गारंटी।
अन्य मांगें: 4 लेबर कोड को वापस लेने की मांग। 
बिहार सरकार ने जुलाई 2025 में प्रोत्साहन राशि को बढ़ाकर ₹3,000 प्रति माह किया था, लेकिन आशा कार्यकर्ता इसे अपर्याप्त मानते हुए न्यूनतम 21,000 रुपये की मांग कर रही हैं।

बेनीबाद : शिवदाहा कोचिंग सेंटर पर मैट्रिक परीक्षा में शामिल होने वाले छात्र- छात्राओं को दी गई विदाई l

बेनीबाद : शिवदाहा कोचिंग सेंटर पर मैट्रिक परीक्षा में शामिल होने वाले छात्र- छात्राओं को दी गई विदाई
दीपक कुमार। गायघाट 
गायघाट प्रखंड के शिवदाहा 63 स्थित शिशु कल्याण कोचिंग सेन्टर से मैट्रिक के परीक्षार्थियों को भावभीनी विदाई दी गई। संस्थान के प्राचार्य दयाशंकर श्रीवास्तव ने इस अवसर पर बच्चों को संबोधित करते हुए उन्हें जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करते हुए उनकी सफलता की कामना की। संस्थान के निदेशक विजय कुमार श्रीवास्तव ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में कई तरह की प्रतिकूल परिस्थितियाँ आती रहती है जिनसे हमें घबराना नहीं चाहिए बल्कि उन्हें चुनौती पूर्वक स्वीकार करते हुए, आत्मविश्वास से हल करना चाहिए,सफलता अवश्य प्राप्त होगी। उन्होंने कहा कि जिस तरह भक्त और भगवान के बीच संबंध होता है, वैसा ही बच्चों और शिक्षकों के बीच भी संबंध होता है।उन्होंने कहा कि परीक्षा में कम अंक आ जाए तो निराश होने की जरूरत नहीं है, क्योंकि यह हमारे जीवन का अंतिम परीक्षा नहीं है, हमें और भी बेहतर करने के अवसर मिलेंगे।उन्होंने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर बच्चे काफी भावुक हो गए, अपने संस्थान और साथियों से अलग होने का अहसास कर उनके आंसू छलक आए। कई बच्चे तो फूट - फूट कर रोने लगे।बच्चों को विदाई में उपहार दिए गए।ज्ञात हो कि मुजफ्फरपुर के गायघाट प्रखंड के शिवदाहा तिरसठ गांव में अवस्थित शिशु कल्याण कोचिंग सेन्टर पिछले 30 वर्षों से अपनी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए विख्यात है। मैट्रिक परीक्षा में यहां लगभग सौ प्रतिशत रिजल्ट आता है जो चर्चा का विषय बना हुआ है । इस अवसर पर संस्थान के शिक्षक मोहम्मद निराले, रवि आनंद, चंद्रशेखर राय, अनुज कुमार, शुभम कुमार, दीपू कुमार ने भी बच्चों को प्रोत्साहित करते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।