जिले में स्वरोजगार को बढ़ावा देने तथा युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से उद्योग विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत समाहरणालय सभागार में मेगा ऋण वितरण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का उद्घाटन जिलाधिकारी श्री सुब्रत कुमार सेन ने दीप प्रज्वलित कर किया। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में लाभुकों को विभिन्न योजनाओं के तहत ऋण की स्वीकृति एवं वितरण किया गया।
इस अवसर पर जिलाधिकारी श्री सुब्रत कुमार सेन ने उपस्थित युवक-युवतियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज के दौर में स्वरोजगार ही आर्थिक सशक्तिकरण का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि युवाओं को उद्यमी बनाने तथा उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त करने के उद्देश्य से सरकार द्वारा कई महत्वपूर्ण योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं के माध्यम से युवाओं को अपने व्यवसाय की शुरुआत करने और उसे आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि इसी उद्देश्य से आज इस मेगा ऋण वितरण शिविर का आयोजन किया गया है ताकि अधिक से अधिक युवाओं को इन योजनाओं का लाभ मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत कुल 6 लाभुकों को 64.55 लाख रुपये के ऋण की स्वीकृति प्रदान की गई, जबकि 6 लाभुकों के बीच 39.55 लाख रुपये की राशि का वितरण किया गया। वहीं प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना के तहत 36 लाभुकों को 364.36 लाख रुपये के ऋण की स्वीकृति दी गई तथा 19 लाभुकों को 288.68 लाख रुपये की राशि वितरित की गई। इस अवसर पर लाभुकों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दे रही थी, क्योंकि इस वित्तीय सहायता से उन्हें अपने व्यवसाय की शुरुआत या विस्तार करने का अवसर मिलेगा।
जिलाधिकारी ने उद्यमियों को संबोधित करते हुए सुझाव दिया कि अधिक से अधिक युवा रोजगार के अवसरों की तलाश करने के बजाय स्वयं उद्यम स्थापित करें और दूसरों को भी रोजगार उपलब्ध कराएं। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे सरकार की इन योजनाओं का अधिकाधिक लाभ उठाएं और अपने कौशल तथा मेहनत के बल पर सफल उद्यमी बनें।
ऋण वितरण शिविर के उपरांत जिलाधिकारी श्री सुब्रत कुमार सेन द्वारा उद्योग विभाग की विभिन्न योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा भी की गई। समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने बैंकों की भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि योजनाओं के सफल क्रियान्वयन में बैंकों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने निर्देश दिया कि सरकार द्वारा संचालित योजनाओं में बेहतर प्रदर्शन करने वाले बैंकों के पदाधिकारियों को जिलाधिकारी की ओर से प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा, जिससे अन्य बैंकों को भी बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरणा मिलेगी।
साथ ही उन्होंने सभी बैंकों को निर्देश दिया कि वित्तीय वर्ष की अंतिम तिमाही समाप्त होने से पूर्व निर्धारित लक्ष्य की शत-प्रतिशत प्राप्ति सुनिश्चित की जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि जिन बैंकों का प्रदर्शन अपेक्षित नहीं है, उनके वरीय प्रबंधन को यथाशीघ्र पत्र भेजकर लक्ष्य प्राप्ति के लिए आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया जाए। उन्होंने कहा कि योजनाओं का लाभ समय पर पात्र लाभुकों तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
इस मेगा ऋण वितरण शिविर में उप विकास आयुक्त श्री श्रेष्ठ अनुपम, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र श्री विजय शंकर प्रसाद, मुख्य प्रबंधक एसबीआई श्री रंजीत कुमार राय, जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक श्री दिनेश प्रसाद सिंह, परियोजना प्रबंधक जिला उद्योग केंद्र सुश्री अभिलाषा भारती, श्री आशुतोष कुमार झा सहित कई अन्य अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के सफल आयोजन में उद्योग विभाग और बैंकों के अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
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